मछली पालन करने वाले किसानों के लिए खुशखबरी

मछली पालन करने वाले किसानों के लिए खुशखबरी

मछली पालन करने वाले किसानों के लिए सरकार द्वारा आयी अच्छी खबर जिनसे उन्हें व्यवसाय में नया अवसर मिल सकता है। सरकार मत्स्य पालन के हित में अनेक योजनाएँ चला रही है, जिसका लाभ मत्स्य किसान उठा सकते हैं।

इस योजना के तहत किसान मछली पालन का व्यवसाय शुरू कर सकते हैं। सरकार मछली पालन किसानों को फिश सीड फैक्ट्री लगाने का अनुदान की सुविधा भी दे रही है जिसके तहत पशुपालक अच्छा मुनाफा अर्जित कर सकते है।

केंद्र और राज्य सरकार की तरफ से कस्फी योजनाएँ चालयी जा रही हैं। योजना से किसान लाभ उठाकर मछली पालन का व्यवसाय भी शुरू कर सकते हैं।

देखा जाये तो विभिन्न कारोबार के चलते मछली पालन का व्यसाय भी निरंतर बढ़ रहा है। इस बढ़ते कारोबार को देखते हुए सरकार भी व्यसाय को बढ़ाने में प्रोत्साहित कर रही है। सरकार फिश सीड फैक्ट्री के लिए २५ प्रतिशत का अनुदान दे रही है।

फिश सीड फैक्ट्री में लगने वाली लागत

अगर कोई मछली पालन फिश सीड फैक्ट्री का निर्माण करना चाहता है तो उसको काफी कम कैपिटल यूनिट की लगत लगेगी जिसका मूल्य ७ लाख रूपए प्रति हेक्टर होगा।

फिश सीड से लाभ

आधुनिक कृषि दौर में हर क्षेत्र आगे बढ़ रहा है इसमें मत्स्य पालकों के लिए मछली बीज उत्पादन यानि हैचरी एक अच्छा व्यापार के रूप में मछली पालन के व्यवसाय में लाखों रूपए की कमाई एक अच्छा स्त्रोत है ।

हर राज्य में मछली पालन का रकबा लगातार बढ़ रहा है, जिसके कारण फिश सीड फैक्ट्री की मांग भी बढ़ रही है। सरकार निजी क्षेत्र में फिश सीड फैक्ट्री को लगाने में प्रोत्साहित कर रही है जिसके तहत २५ लाख रूपए तक का अनुदान प्रदान करने का फैसला किया है।