सरकार द्वारा देश के डेयरी कृषकों को गोपाल रत्न पुरुस्कार दिया जाता है
सरकार द्वारा देश के कृषकों और पशुपालकों को कार्यक्षेत्र में प्रोत्साहन के लिए वक नयी योजना की शुरुवात की गयी। सरकार ने डेयरी किसानों को प्रोत्साहित करने के लिए भी गोपल रत्न पुरुस्कार की शुरुवात की। जिसमें सरकार ने २०२१ के लिए देश के उच्चतम डेयरी उत्पादन करने वाले कृषको से आवेदन माँगा गया था।
सूत्रों से मिली जानकारी अनुसार, हाल ही में सरकार द्वारा इस पुरस्कार की शुरुवात राष्ट्रीय गोकुल मिशन योजना के तहत केन्द्रीय पशुपालन एवं डेयरी विभाग द्वारा केंद्रीय देश के पशुपालकों को प्रोत्साहित करने के लिए की गयी है।
गोपाल रत्न पुरस्कार क्या है?
इस पुरुस्कार को तीन अलग अलग श्रेणियों में विभाजित किया गया है जिसमें विजेता को पहला पुरस्कार ५ लाख, दूसरा पुरस्कार ३ लाख और तीसरे पुरस्कार में २ लाख रूपए की राशि वित्रत की जाएगी। दुग्ध उत्पादन के क्षेत्र में किसानों की प्रतिस्पर्धा बनाने हेतु यह पुरूस्कार वितरण किया जाएगा।
समारोह के दौरान गोपाल रत्न पुरस्कार का वितरण किया गया
पुरुस्कार का वितरण डेयरी और मत्स्यपालन मंत्रालय, राष्ट्रीय दुग्ध विकास बोर्ड और पशुपालन एवं भारत में श्वेत क्रांति के जनक स्वर्गीय वर्गीज कुरियन की जन्म शताब्दी व राष्ट्रीय दुग्ध दिवस पर गुजरात के आनंद में आयोजित कार्यक्रम के दौरान पुरुस्कार वितरण किया गया।
राष्ट्रीय दुग्ध दिवस के अवसर पर, एक समारोह में पशुपालन और डेयरी विभाग की संयुक्त सचिव (सीएंडडीडी), आईडीएमसी, सुश्री वर्षा जोशी ने अमूल, एनसीडीएफआई और इंडियन इम्यूनोलॉजिकल लिमिटेड के प्रतिभागियों से जुड़े हुए कई अन्य लोगों ने इस वॉकथॉन में हिस्सा लिया और विजेताओं को पुरूस्कार से सम्मानित किया।
प्रमुख बिंदु
पुरूस्कार का वितरण एहम बिंदुओं के तहत भारत सरकार के मत्स्यपालन, डेयरी और पशुपालन मत्रांलय द्वारा पशुपालन व पशुधन विकास में उत्कृष्ट कार्य के लिये चयनित व्यक्तियों को गोपाल रत्न पुरस्कार प्रदान किया जाता है।
- राजस्थान के जयपुर के निवासी सुरेंद्र अवाना को सर्वश्रेष्ठ डेयरी किसान के प्रथम पुरस्कार से सम्मानित किया गया है।
- केरल की रेशमी एडाथानल को दूसरा पुरस्कार और
- तीसरा पुरस्कार बनासकांठा, राजनांदगांव, छत्तीसगढ़ की माधुरी और गुजरात की मोधीबेन वर्धमानसिंह को सम्मानित किया गया है।
- सर्वश्रेष्ठ कृत्रिम गर्भाधान तकनीशियन का प्रथम पुरस्कार आंध्र प्रदेश के रामा रावकरी को दिया गया है।
- दूसरा पुरस्कार छत्तीसगढ़ के दुलारूराम साहू को तीन लाख रूपए,
- तीसरा पुरस्कार राजस्थान के राजेश बागरा को मिला है।
डेयरी सहकारी एवं दुग्ध उत्पादक कंपनी / डेयरी किसान उत्पादक संगठन का पहला पुरूस्कार हिमाचल प्रदेश के बिलासपुर के कामधेनु हितकारी मंच और दूसरा पुरस्कार केरल के वायनड के दीप्ति गिरिक्षीरोलपदक सहकारना संगम, को सम्मानित किया गया है।
गोपाल रत्न पुरस्कार प्राप्त विजेताओं की सराहना
गोपाल रत्न पुरुस्कार के विजेताओं की सरहाना करते हुए, गोपाल रत्न पुरस्कार को तीन भाग में विभजित – सर्वश्रेष्ठ कृत्रिम गर्भाधान तकनीशियन, सर्वश्रेष्ठ डेयरी किसान और र्वश्रेष्ठ डेयरी सहकारी समिति में विभिन्न श्रेणियों के दौरान विजेताओं को सम्मानित कर पुरूस्कार वितरण किया गया।